डॉक्टर ने कहा- 'ये कोई अनाथालय नहीं, जिसे चाहा भर्ती करा दिया', उपचार के लिए तड़पती रही बुजुर्ग महिला..!

यूपी के शाहजहांपुर में एक दुखद विषय सामने आया है। यहां सेहत विभाग सुधरने का नाम नहीं ले रहा है। अभी दो दिन पहले ही यहां एक मां अपने बेटे की लाश को गोद में लेकर भटकती रही किन्तु उसको शव वाहन नहीं दिया गया। अब एक लावारिस बुजुर्ग महिला को अस्पताल से डॉक्टर ने ये कहकर निकाल दिया कि ये क्या अनाथालय है। स्त्री रातभर अस्पताल परिसर में पड़ी रही। सुबह जब मीडियाकर्मी अस्पताल पहुंचे। उसके बाद उस बेसहारा बुजुर्ग स्त्री का उपचार शुरू हो सका।

रिक्शाचालक बुजुर्ग को ले गया अस्पताल


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यूपी के शाहजहांपुर के तिलहर सीएचसी अस्पताल का विषय है। जहां बीती रात एक रिक्शा चालक सवारी लेकर जा रहा था। तभी उसको रोड के किनारे एक बुजुर्ग स्त्री पड़ी दिखी। उसके आसपास कुत्ते घूम रहे थे। रिक्शावाले ने सवारी को उसके घर तक पहुंचाया। उसके बाद वह इंसानियत दिखाते हुए बुजुर्ग महिला के पास पहुंचा। तब कुत्ते उस स्त्री को नोंचने की कोशिश कर रहे थे। तभी रिक्शा चालक ने कुत्तों को भगाया। उसके बाद वह बुजुर्ग को अस्पताल लेकर गया। जहां उसने डॉक्टर से स्त्री को भर्ती करने के लिए कहा। डॉक्टर ने भर्ती करने से मना कर दिया।

डॉक्टर बोला- ये कोई अनाथालय नहीं है


डॉक्टर ने रिक्शा चालक से कहा कि ये अनाथालय नहीं है। जहां जिसको चाहे भर्ती करा दिया। उसके बाद डॉक्टर ने स्त्री को अस्पताल परिसर में बने बेंच पर लिटा दिया। सुबह जब वही रिक्शाचालक अस्पताल पहुंचा तो उसने बुजुर्ग महिला अस्पताल परिसर में तड़पता देखा। उसके बाद उसने मीडिया को जानकारी दी। अस्पताल में जब मीडियाकर्मी पहुंचे तो उसके बाद अस्पताल प्रभारी ने मीडियाकर्मियों के कैमरे देखकर महिला को अस्पताल में भर्ती कराया। उसके बाद डॉक्टर ने महिला का इलाज शुरू किया और अस्पताल में महिला के लिए खाने का इंतजाम कराया गया। पुलिस को सूचना दी गई। किन्तु अभी तक स्त्री के परिवार की जानकारी नहीं हो पाई है।

डॉक्टर ने किया गलत सलूक


रिक्शा चालक जितेन्द्र कुमार का कहना है कि जब हमने बुजुर्ग स्त्री को मानवता के नाते उसे अस्पताल मे भर्ती कराया तो डॉक्टर ने ये कहकर निकाल दिया कि ये अनाथालय नहीं है। जहां जिसको चाहा भर्ती करा दिया। रिक्शा चालक का कहना है कि हमें उम्मीद सिर्फ मीडिया से थी। इसलिए हमने मीडिया को सूचना दी। उसके बाद ही उसका उपचार शुरू हो सका।

सीएचसी प्रभारी उमेंदर राठौर का कहना है कि बुजुर्ग स्त्री को अस्पताल में भर्ती करा दिया गया है। अस्पताल में किसी को भी भर्ती करा सकते हैं। अज्ञात है तो उसके लिए हम पुलिस को सूचना देते हैं।
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